कांग्रेस का महिला सशक्तिकरण अभियान शुरू: विधायक रमेश कुमार ने बलात्कार का आनंद लेने की बात और सिद्धू ने सरेआम दी माँ बहन की गाली

 

कांग्रेस बेचारी जब भी ,चुनाव के लिए केंचुली ओढ़ कर ,अपने असली चरित्र को छिपाने की कोशिश करती है , कुछ ही समय में उनके अपने ही कारीगर उसका ऐसा चीथड़ा उड़ाते हैं कि बाद में पूरी पार्टी मिलकर भी रफू नहीं कर पाती।  कांग्रेस का असली चेहरा जो निहायत की कुरूप और बदरंग हो चुका है उस पर कालिख पोतने के लिए किसी भी बाहरी या विपक्षी की कोई जरूरत नहीं पड़ती , भाई बहन की जोड़ी और उनके पिछलग्गू नेता चमचे अपने “हाथ से ही अपनी पार्टी को स्वाहा” करने के लिए जो मुँह में आता है बोल कर निकल लेते हैं।  बाकी का जुलुस जनता अपने आप निकाल देती है।

अभी प्रियंका दीदी ने “लड़की हूँ , लड़ सकती हूँ ” का जोश भरा नारा देकर अपनी महिला सशक्तिकारण की मुहिम को शुरू ही किया था कि , कर्नाटक विधानसभा के उनके विद्वान विधायक ने “अगर बलात्कार होना ही है तो लेट कर उसका आनंद लेना चाहिए ” उस नारे में बारूद भर कर पलीता लगा दिया।  नतीजा हुआ कि आज उस लड़की को खुद की पार्टी के विधायक से ही लड़ना पड़ रहा है।

इतना ही होता तो भी बहुत था , इधर कर्नाटक में कांग्रेसी विधायक आनंद लेने वाला हाहाकारी बयान देकर खींसे निपोर रहे थे तो उधर पंजाब में कांग्रेस प्रमुख “नवजोत सिंह सिद्धू ” ने प्रेस वार्ता करते हुए इस बार ठोको ताली की जगह “ठोको माँ बहन की गाली ” वाला फार्मूला लगा दिया , जिसका नतीजा आने वाले दिनों में पंजाब में होने जा रहे विधानसभा चुनावों में कांग्रेस के सामने होगा।

आज कांग्रेस मानसिक रूप से दिवालियेपन के जिस कगार पर पहुँच गई है उससे सबको यकीन हो चला है कि , हो न हो , कांग्रेस के इन दोनों भाई बहन की जोड़ी और उनके बचे खुचे तमाम राजनेता जल्दी ही गाँधी जी कांग्रेस को पूरी तरह समाप्त करने के स्वप्न को जल्द से जल्द पूरा कर देंगे और देश को कांग्रेस मुक्त भारत भी शीघ्र ही देखने को मिल जाएगा।  जय हिन्द , जय भारत।

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